Hindi stories - आप अपने लक्ष्य पर ध्यान दे।

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Hindi stories - आप अपने लक्ष्य पर ध्यान दे।
  • जीवन में कोई लक्ष्य ना होने से आप अपनी जिंदगी को जीवन के मैदान में इधर उधर दौड़ते हुए बिता देंगे पर एक भी गोल नहीं कर पाएंगें।

यदि आप के साथ भी ये होता है कि आप अपने लक्ष्य को छोरकर किसी और के चक्कर मे पड़े रहते हैं तो ये hindi stories आपके लिए है।

Hindi stories-आप अपने लक्ष्य पर ध्यान दे

Hindi stories - आप अपने लक्ष्य पर ध्यान दे।

एक बार किसी गाँव मे एक बुढ़िया रात के अंधेरे मे अपनी झोपड़ी के बाहर कुछ ढूंढ रही थी।

तभी गांव के एक व्यक्ति की उसपर नजर पड़ी और उसने कहा अम्मा इतनी रात को सड़क के किनारे आप क्या ढूंढ रही?

उस बुढ़िया ने जवाब दिया कुछ नहीं मेरी एक सुई गुम गयी है वही खोज रही हूँ।

उस व्यक्ति ने बहुत आश्चर्य से पूछा कि कहा है सुई?फिर क्या था वह व्यक्ति भी उस बूढ़ी महिला की मदद करने के लिए रुक गया,और साथ में सुई को ढूंढने लगा।


कुछ देर के बाद ये देखकर और भी लोग वहाँ जमा हो गए और इस खोज के अभियान मे शामिल हो गए,देखते ही देखते लगभग पूरा गाँव वहाँ इकठ्ठा हो गया।

सभी के सभी बड़े ध्यान से उस सुई को खोजने मे लगे थे तभी किसी ने उस बुढ़िया से पूछा कि अरे अम्मा ये तो बताओ कि सुई गिरी कहा थी?

उस बुढ़िया ने जवाब दिया कि बेटा सुई तो झोपड़ी के अंदर गिरी थी।

ये सुनते ही सभी बहुत क्रोधित हो गए और भीड़ मे से किसी ने ऊंची आवाज मे कहा तुम भी कमाल करती हो अम्मा,हम इतनी देर से सुई यहाँ ढूंढ रहे हैं जबकि सुई तो झोपड़ी के अंदर गिरी है।


आखिर सुई वहा खोजने के जगह तुम बाहर क्यूँ खोज रही हो।

बुढ़िया ने बहुत विनम्रता से कहा कि सड़क पर प्रकाश है इसीलिए मैं सुई यहां खोज रही हूँ। 
Hindi stories - आप अपने लक्ष्य पर ध्यान दे।

सभी लोग यह सुनकर बहुत गुस्सा हुए लेकिन कर भी क्या सकते थे,फिर वो लोग वहाँ से चले गए।

Hindi stories की सीख:-


  • इस कहानी को पढ़ने के बाद शायद आपकी भी मानसिकता ऐसी ही हो गई होगी,आप सोच रहे होंगे कि ये कहानी मैंने आपको क्यूँ सुनायी।


  • लेकिन आप एक बार सोच कर देखिए आप सभी अपनी जिन्दगी मे यही गलती कर रहे हैं अक्सर आप सभी का ध्यान वहां रहता है जहाँ उजाला होता है  जबकि आपका ध्यान वहाँ होनी चाहिए जहाँ आपकी सुई गिरी।

अक्सर आपको जो जिन्दगी मे करना है आप उसपर ध्यान नहीं देते हैं,वो सुई पर ध्यान नहीं देते हैं बल्कि देखते हैं दूसरों का उजाला।
जब तक आप दूसरों का उजाला छोरकर खुद की सुई पर ध्यान नहीं लगाएंगे तबतक आप अपनी जिन्दगी मे सफल नहीं हो पाएंगे।

यदि बात समझ मे आ गयी हो तो हमें कमेंट करके बताए कि यह Hindi stories आपको कैसी लगी और इस कहानी को ज्यादा से ज्यादा शेयर करे।

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